5G मामले में Juhi Chawla पर मंडराए मुसीबत के बादल, एक्ट्रेस को एक हफ्ते में जमा करने होंगे 20 लाख रुपये

5G मामले में Juhi Chawla पर मंडराए मुसीबत के बादल, एक्ट्रेस को एक हफ्ते में जमा करने होंगे 20 लाख रुपये

5G Technology को लेकर कोर्ट में याचिका दाखिला करने वाली Juhi Chawla और अन्य याचिकाकर्ता व्यवहार को दिल्ली उच्च न्यायालय ने स्तब्ध करने वाला बताया. दिल्ली हाई कोर्ट ने बुधवार को बॉलीवुड अभिनेत्री Juhi Chawla और दो अन्य को 5जी वायरलेस नेटवर्क टेक्नोलॉजी को चुनौती देने वाले मुकदमे के माध्यम से कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग करने के लिए उन पर लगाए गए 20 लाख रुपये जमा करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया है.

दिल्ली हाईकोर्ट ने 4 जून को 5जी वायरलेस नेटवर्क तकनीक को चुनौती देने वाली अभिनेत्री Juhi Chawla की याचिका को शुक्रवार को खारिज कर दिया और उन पर तथा सह याचिकाकर्ताओं पर 20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया. कोर्ट ने कहा कि याचिका ‘‘दोषपूर्ण’’, ‘‘कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग’’ और ‘‘प्रचार पाने के लिए’’ दायर की गई थी.

Juhi Chawla और सह याचिकाकर्ताओं की ओर से पेश हुए सीनियर वकील मीत मल्होत्रा ने बुधवार को कोर्ट को बताया कि याचिकाकर्ता दायर याचिका पर जोर नहीं देते हैं. ऐसे में कोर्ट ने Juhi और अन्य की ओर से दायर याचिकाओं को वापस लेने की इजाजत दे दी.

दालत ने कहा, “एक तरफ आप तुच्छ आवेदन देते हैं और दूसरी ओर, आप आवेदन वापस लेते हैं और लागत भी जमा करने को तैयार नहीं होते हैं.”

5G के खिलाफ क्या थी Juhi की याचिका

Juhi Chawla, वीरेश मलिक और टीना वचानी ने याचिका दायर कर कहा था कि यदि दूरसंचार उद्योग की 5जी संबंधी योजनाएं पूरी होती हैं तो पृथ्वी पर कोई भी व्यक्ति, कोई जानवर, कोई पक्षी, कोई कीट और कोई भी पौधा इसके प्रतिकूल प्रभाव से नहीं बच सकेगा. याचिका में प्राधिकारियां को यह प्रमाणित करने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया था कि 5जी टेक्नोलॉजी किस तरह से मानव जाति, पुरुषों, महिलाओं, वयस्कों, बच्चों, शिशुओं, जानवरों और हर प्रकार के जीवों, वनस्पतियों के लिए सुरक्षित नहीं है.

कोर्ट में सुनवाई के दौरान बजे थे Juhi Chawla के गाने

Juhi Chawla की याचिका पर बुधवार को सुनवाई के दौरान दिलचस्प वाकया देखने को मिला था. दरअसल, कोर्ट में ही किसी ने Juhi Chawla की फिल्म हम हैं राही प्यार के का मशहूर गाना ‘घूंघट की आड़ से दिलबर का’ गुनगुनाना शुरू कर दिया. सुनवाई के बीच न्यायमूर्ति जे आर मिधा ने कहा कि कृपया इसे म्यूट करें.

इसके बाद नाजायज फिल्म का गीत ‘लाल लाल होठों पे गोरी किसका नाम है’ कोर्ट रूम में गूंजा जिसे सुनवाई से हटा दिया गया. गाने का सिलसिला यहीं नहीं रुका. एक बार फिर किसी ने ‘मेरी बन्नो की आएगी बारात’ गा दिया. कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को भी निर्देश दिया है कि कोर्ट की पिछली सुनवाई के दौरान तेज तेज आवाज में गाना गाने वाले शख्स के खिलाफ भी कानून के हिसाब से कड़ी कार्रवाई की जाए.